window.dataLayer = window.dataLayer || []; function gtag(){dataLayer.push(arguments);} gtag('js', new Date()); gtag('config', 'G-VQJRB3319M'); बुदनी-इंदौर नई रेलवे लाइन निर्माण में अनियमितताओं का अंबार - MPCG News

बुदनी-इंदौर नई रेलवे लाइन निर्माण में अनियमितताओं का अंबार

भैरूंदा के पास तिलाडिया रोड क्षेत्र में काली मिट्टी से भराई, गुणवत्ता पर उठे सवाल

नीरज राय, 9926463907
सीहोर/भैरूंदा। बुदनी–इंदौर नई रेलवे लाइन परियोजना के अंतर्गत भैरूंदा क्षेत्र के तिलाडिया रोड के आसपास चल रहे अर्थवर्क (Earthwork) और रेलवे एम्बैंकमेंट निर्माण कार्य में गंभीर तकनीकी अनियमितताओं के आरोप सामने आ रहे हैं। स्थानीय लोगों और तकनीकी जानकारों का आरोप है कि रेलवे निर्माण में मानक प्रक्रिया का पालन नहीं किया जा रहा है तथा करोड़ों रुपये की परियोजना में गुणवत्ता से समझौता किया जा रहा है।

आरोप है कि निर्माण स्थल पर खेतों से सीधे काली मिट्टी (Black Cotton Soil) निकालकर रेलवे एम्बैंकमेंट में डाली जा रही है। हाल ही में वर्षा होने के बावजूद गीली मिट्टी का उपयोग किया जा रहा है, जबकि रेलवे मानकों के अनुसार अत्यधिक गीली मिट्टी का उपयोग प्रतिबंधित माना जाता है क्योंकि इससे अपेक्षित कम्पैक्शन प्राप्त नहीं होता और भविष्य में धंसाव (Settlement) की संभावना बढ़ जाती है। रेलवे निर्माण मानकों में मिट्टी को Optimum Moisture Content (OMC) के आसपास रखकर ही कम्पैक्शन करने का प्रावधान है।

लेयर-बाय-लेयर निर्माण पर सवाल

सूत्रों के अनुसार कई स्थानों पर निर्धारित मोटाई की परतों में भराई करने के बजाय बड़े पैमाने पर एकमुश्त मिट्टी डालकर कार्य किया जा रहा है। जबकि रेलवे और RDSO के दिशा-निर्देशों के अनुसार एम्बैंकमेंट निर्माण लेयर-बाय-लेयर किया जाना चाहिए तथा प्रत्येक परत पर पानी का छिड़काव, रोलर कम्पैक्शन और घनत्व परीक्षण (Density Test) आवश्यक होता है।

तकनीकी मानकों के अनुसार:

  • प्रत्येक परत सामान्यतः 20–30 सेंटीमीटर मोटाई में बिछाई जाती है।
  • ऊपरी सबग्रेड पर कम से कम 98% MDD (Maximum Dry Density) का कम्पैक्शन आवश्यक है।
  • निचली परतों में भी लगभग 97% MDD कम्पैक्शन सुनिश्चित किया जाना चाहिए।
  • प्रत्येक परत की गुणवत्ता परीक्षण के बाद ही अगली परत डाली जानी चाहिए।

काली मिट्टी उपयोग पर गंभीर प्रश्न

रेलवे इंजीनियरिंग में काली कपास मिट्टी (Black Cotton Soil) को चुनौतीपूर्ण मिट्टी माना जाता है क्योंकि यह नमी के साथ फूलती और सूखने पर सिकुड़ती है। RDSO मानकों के अनुसार कमजोर या अनुपयुक्त मिट्टी पाए जाने पर आवश्यक होने पर Ground Improvement, Blanket Layer तथा उपयुक्त भराव सामग्री का उपयोग किया जाना चाहिए। स्थानीय लोगों का आरोप है कि जहां से कमजोर काली मिट्टी हटाई जा रही है, वहीं पुनः उसी प्रकार की मिट्टी भराव में उपयोग की जा रही है, जिससे भविष्य में रेलवे ट्रैक की स्थिरता प्रभावित हो सकती है।

पानी छिड़काव और कम्पैक्शन केवल कागजों में?

निर्माण स्थल से जुड़े लोगों का दावा है कि पानी छिड़काव और रोलर कम्पैक्शन की प्रक्रिया केवल औपचारिकता बनकर रह गई है। यदि ऐसा है तो यह गंभीर मामला हो सकता है, क्योंकि रेलवे मानकों के अनुसार पर्याप्त कम्पैक्शन न होने पर एम्बैंकमेंट में धंसाव, दरारें और ट्रैक ज्योमेट्री में विकृति आने का खतरा रहता है।

 

पेटी कॉन्ट्रैक्ट व्यवस्था पर भी सवाल

परियोजना में कार्यरत कुछ लोगों का आरोप है कि मुख्य ठेकेदार द्वारा कार्य को कई स्तरों पर पेटी कॉन्ट्रैक्टरों को सौंप दिया गया है, जिसके कारण गुणवत्ता नियंत्रण कमजोर पड़ रहा है। यदि गुणवत्ता नियंत्रण, फील्ड डेंसिटी टेस्ट, नमी परीक्षण और लेयर निरीक्षण नियमित रूप से नहीं हो रहे हैं, तो रेलवे को भविष्य में भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ सकता है।

नियम क्या कहते हैं ?

  1. RDSO की रेलवे फॉर्मेशन स्पेसिफिकेशन के अनुसार:
  2. सबग्रेड की ऊपरी परत में न्यूनतम 98% MDD कम्पैक्शन।
  3. फील्ड डेंसिटी टेस्ट नियमित अंतराल पर अनिवार्य।
  4. एम्बैंकमेंट का निर्माण परत-दर-परत।
  5. अत्यधिक गीली मिट्टी का उपयोग वर्जित।
  6. डिजाइन के अनुसार ढाल (Slope) और चौड़ाई बनाए रखना अनिवार्य।
  7. आवश्यक होने पर ब्लैंकेट लेयर और ग्राउंड इम्प्रूवमेंट का प्रावधान।

जांच की मांग

स्थानीय नागरिकों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने मांग की है कि रेलवे, RDSO तथा संबंधित निर्माण एजेंसी के वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचकर स्वतंत्र तकनीकी जांच कराएं। साथ ही मिट्टी की गुणवत्ता, कम्पैक्शन रिपोर्ट, फील्ड डेंसिटी टेस्ट, CBR रिपोर्ट, लेवल बुक और गुणवत्ता नियंत्रण अभिलेख सार्वजनिक किए जाएं।

Related posts

कोतवाली पुलिस अनूपपुर ने तत्परता से चोरी गया सामान किया बरामद, न्यायालय आदेश पर फरियादी को सौंपा

MPCG NEWS

शासकीय आईटीआई में आयोजित अप्रेटशिप ड्राइव में 13 आवेदकों का चयन

MPCG NEWS

MP में पुलिसकर्मी का अपहरण: भाजपा नेता के भाई ने वारदात को दिया अंजाम

MPCG NEWS

Leave a Comment