window.dataLayer = window.dataLayer || []; function gtag(){dataLayer.push(arguments);} gtag('js', new Date()); gtag('config', 'G-VQJRB3319M'); गर्मी से पहले ही बिजली ने तोड़ा दम: सारनी में अघोषित कटौती से हाहाकार - MPCG News

गर्मी से पहले ही बिजली ने तोड़ा दम: सारनी में अघोषित कटौती से हाहाकार

बगडोना में व्यापार ठप, खेतों में सूखती फसलें, जिम्मेदारों की चुप्पी से बढ़ा आक्रोश
जीत आम्रवंशी, 9691851267

बैतूल/सारनी। गर्मी के मौसम ने अभी ठीक से दस्तक भी नहीं दी है कि सारनी और इसके आसपास के क्षेत्रों में बिजली कटौती का पुराना सिलसिला फिर से शुरू हो गया है। बिना किसी पूर्व सूचना के हो रही इस अघोषित कटौती ने आम जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। शहर के मुख्य व्यावसायिक केंद्र बगडोना से लेकर आसपास के ग्रामीण इलाकों तक, हर कोई बिजली विभाग की इस लचर व्यवस्था का खामियाजा भुगत रहा है।

बगडोना में व्यापार पर भारी असर

सारनी का बगडोना क्षेत्र, जिसे इलाके की व्यावसायिक धुरी माना जाता है, इन दिनों बिजली संकट की सबसे गहरी मार झेल रहा है। सप्ताह में कम से कम दो से तीन बार, तीन से चार घंटे तक लगातार बिजली गुल रहने की स्थिति बन गई है। व्यापारियों का कहना है कि बिना किसी पूर्व सूचना के बिजली कटने से दुकानों का कामकाज पूरी तरह ठप हो जाता है। इलेक्ट्रॉनिक मशीनों पर निर्भर व्यापार रुक जाते हैं। बिजली न होने से दुकानों के फ्रिज बंद पड़े रहते हैं, जिससे आइसक्रीम और अन्य ठंडे उत्पाद पिघल कर खराब हो रहे हैं। इस कारण व्यापारियों को रोजाना भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है। ग्राहकों को भी बिना काम कराए खाली हाथ लौटना पड़ता है।

खेतों में सूख रही फसलें, किसान बेहाल

बिजली संकट की यह आंच सिर्फ शहरी क्षेत्रों तक सीमित नहीं है, बल्कि ग्रामीण इलाकों में भी इसने हाहाकार मचा दिया है। वर्तमान में गेहूं और अन्य रबी फसलों की सिंचाई का बेहद अहम समय चल रहा है। लेकिन बार-बार बिजली जाने के कारण खेतों में लगे मोटर पंप शोपीस बनकर रह गए हैं। ग्रामीणों और किसानों की शिकायत है कि दिन तो दिन, रात के समय भी लंबे अंतराल तक बिजली काट दी जाती है। इस वजह से किसानों को खेतों में पानी देने के लिए रात-रात भर रतजगा कर बिजली आने का इंतजार करना पड़ता है।

अधिकारियों की लापरवाही: फोन बंद, जवाब गोल-मोल

इस पूरी समस्या का सबसे निराशाजनक पहलू बिजली विभाग के अधिकारियों का रवैया है। जब नागरिक या व्यापारी बिजली कटौती का कारण जानने के लिए अधिकारियों से संपर्क करने की कोशिश करते हैं, तो वे अपना मोबाइल स्विच ऑफ कर लेते हैं।अगर किसी तरह बात हो भी जाए, तो कोई स्पष्ट कारण बताने के बजाय गोल-मोल जवाब देकर पल्ला झाड़ लिया जाता है। विभाग की इस कार्यप्रणाली से लोगों में भारी आक्रोश पनप रहा है।

स्थायी समाधान की मांग

गर्मी के बढ़ते पारे के साथ बिजली की इस लुकाछिपी ने लोगों की चिंताएं दोगुनी कर दी हैं। क्षेत्र के नागरिकों, व्यापारियों और किसानों ने प्रशासन और बिजली विभाग के उच्चाधिकारियों से सख्त मांग की है कि इस अघोषित बिजली कटौती की समस्या का तत्काल और स्थायी समाधान निकाला जाए, ताकि शहर और ग्रामीण क्षेत्र की जनता को इस भीषण परेशानी से राहत मिल सके।

Related posts

सारणी: बाबा मठारदेव तलहटी मंदिर पर 23 जनवरी को होगी राधा कृष्ण मूर्ति स्थापना

MPCG NEWS

सारणी: मिलन ढाबे के संचालक का संदिग्ध अवस्था में मिला शव, हत्या की जताई जा रही आशंका

MPCG NEWS

नीतू परमार ने सीएमओ को पत्र लिखकर दी नपा अध्यक्ष का पदभार ग्रहण करने की जानकारी

MPCG NEWS

Leave a Comment